राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के वरिष्ठ नेताओं के प्रतिनिधिमंडल ने शुक्रवार को महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से मुलाकात की, यह बैठक उपमुख्यमंत्री अजित पवार के आकस्मिक निधन के बाद पार्टी में नेतृत्व के खाली पदों और आगे की रणनीति को लेकर हुई, जिसमें राजनीतिक हालात पर गहन चर्चा की गई।
इस प्रतिनिधिमंडल में पार्टी के कार्यकारी अध्यक्ष प्रफुल्ल पटेल, प्रदेश अध्यक्ष सुनील तटकरे, मंत्री छगन भुजबल, हसन मुश्रीफ और पूर्व मंत्री धनंजय मुंडे शामिल थे, नेताओं ने मुख्यमंत्री के साथ विधायक दल के नेता और उपमुख्यमंत्री की नियुक्ति जैसे अहम मुद्दों पर बातचीत की।
बैठक के बाद मीडिया से बात करते हुए प्रफुल्ल पटेल ने कहा कि नए विधायक दल के नेता और उपमुख्यमंत्री के चुनाव के लिए पार्टी जल्द ही विधायक दल की बैठक बुलाएगी, सभी विधायकों से विचार-विमर्श के बाद ही कोई अंतिम निर्णय लिया जाएगा।
उन्होंने बताया कि पार्टी चाहती है कि नेतृत्व और कैबिनेट पोर्टफोलियो को लेकर जल्द स्पष्टता आए, ताकि सरकार के कामकाज पर किसी तरह का असर न पड़े और राजनीतिक स्थिरता बनी रहे।
प्रफुल्ल पटेल ने यह भी स्पष्ट किया कि मुख्यमंत्री के साथ सुनेत्रा पवार के नाम पर कोई औपचारिक चर्चा नहीं हुई है, उन्होंने कहा कि यह पार्टी का आंतरिक मामला है और फैसला विधायकों की भावनाओं के अनुरूप ही लिया जाएगा।
एनसीपी कार्यकारी अध्यक्ष ने कहा कि पवार परिवार अभी शोक में है, धार्मिक अनुष्ठान पूरे होने के बाद पार्टी नेतृत्व सुनेत्रा पवार से बातचीत करेगा और उसके बाद आगे की दिशा तय की जाएगी।
इससे पहले एनसीपी नेता नरहरि जिरवाल ने अजित पवार के अंतिम संस्कार के बाद बयान दिया था कि सुनेत्रा पवार को उपमुख्यमंत्री बनाया जाना चाहिए, जिससे पवार परिवार की राजनीतिक विरासत आगे बढ़ सके।
अजित पवार के निधन के बाद एनसीपी में नेतृत्व को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं, आने वाले दिनों में पार्टी की ओर से उपमुख्यमंत्री पद और संगठनात्मक ढांचे को लेकर बड़ा फैसला होने की संभावना जताई जा रही है।
