ईरान ने दी अमेरिका और इजरायल को चेतावनी इजरायल अलर्ट पर

अमेरिका की धमकियों पर ईरान ने जवाब दिया है, ईरान ने कहा कि अगर हमला किया गया तो अमेरिका और इजरायल दोनों उनके लेजिटिमेट टारगेट होंगे।

इजरायल अलर्ट पर है, प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू रविवार रात वरिष्ठ रक्षा अधिकारियों के साथ सिक्योरिटी कंसल्टेशन करेंगे, वहीं सिक्योरिटी कैबिनेट मंगलवार को बैठक करेगी।

इजरायली वॉर रूम ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर बताया कि ईरान में तेजी से बदलाव हो रहे हैं, हालात पर नजर रखते हुए इजरायल सैन्य तैयारी बढ़ा रहा है।

वॉर रूम ने कहा कि ईरानी सरकार अपने ही लोगों के खिलाफ कठोर दमन कर रही है, संसद में सांसदों ने इमरजेंसी सेशन के दौरान ‘अमेरिका की मौत’ के नारे लगाए।

ईरानी संसद के स्पीकर मोहम्मद बाघेर कलीबाफ ने चेतावनी दी कि अमेरिकी सेना और इजरायल में से किसी ने भी हमला किया तो वे सीधा निशाना बनेंगे, इसका जवाब दिया जाएगा।

इजरायली मीडिया के अनुसार ईरान के नेशनल पुलिस चीफ अहमद-रजा रादान ने दावा किया कि सरकार विरोधी प्रदर्शनों में शामिल कई नेताओं को गिरफ्तार कर लिया गया है, कानूनी प्रक्रिया के बाद सजा दी जाएगी।

इसी बीच रिपोर्ट में दावा है कि विरोध प्रदर्शनों में अब तक 115 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि हिंसा और गिरफ्तारी का दौर जारी है।

कैबिनेट मीटिंग की शुरुआत में पीएम नेतन्याहू ने कहा कि तेहरान में सरकार गिरने के बाद ईरान और इजरायल फिर साझेदारी की दिशा में आगे बढ़ेंगे, जनता आजादी के लिए संघर्ष कर रही है।

टाइम्स ऑफ इजरायल के अनुसार नेतन्याहू ने कहा कि हम ईरान के बहादुर नागरिकों को ताकत भेज रहे हैं, सरकार गिरने के बाद दोनों देश क्षेत्र में शांति और विकास के लिए काम कर सकते हैं।

उन्होंने कहा कि ईरान में बढ़ते विरोध और मौतों की संख्या चिंता का विषय है, उम्मीद है कि फारसी देश जल्द ही जुल्म से आजाद होगा और तब दोनों देशों के बीच शांतिभरा भविष्य बनाया जा सकेगा।