जोमैटो-ब्लिंकिट की पैरेंट कंपनी इटरनल को 3.7 करोड़ का जीएसटी नोटिस

जोमैटो और ब्लिंकिट की प्रवर्तक कंपनी इटरनल को पश्चिम बंगाल राज्य कर विभाग की ओर से 3.7 करोड़ रुपए का जीएसटी डिमांड नोटिस जारी किया गया है, यह नोटिस अप्रैल 2019 से मार्च 2020 की अवधि से संबंधित है, जिसमें टैक्स के साथ ब्याज और जुर्माना भी शामिल है।

कंपनी को यह नोटिस पश्चिम बंगाल के राज्य कर (अपील) के अतिरिक्त आयुक्त द्वारा जारी किया गया है, यह मामला कथित तौर पर आउटपुट जीएसटी के कम भुगतान से जुड़ा हुआ बताया गया है, जिस पर विभाग ने अतिरिक्त कर देयता तय की है।

मंगलवार देर शाम की गई नियामक फाइलिंग में इटरनल ने इस नोटिस की जानकारी दी, कंपनी के अनुसार उसे यह नोटिस 6 जनवरी 2026 को प्राप्त हुआ, जिसमें कुल 3,69,80,242 रुपए की मांग की गई है।

इस कुल राशि में 1.92 करोड़ रुपए जीएसटी, 1.58 करोड़ रुपए ब्याज और 19.24 लाख रुपए जुर्माना शामिल है, विभाग का आरोप है कि संबंधित अवधि में कंपनी ने निर्धारित आउटपुट टैक्स का पूरा भुगतान नहीं किया था।

इटरनल ने अपने बयान में कहा कि उसे अपने पक्ष पर पूरा भरोसा है, कंपनी का मानना है कि उसका मामला मजबूत है और इस पर उसके बाहरी कानूनी और कर सलाहकारों की राय भी उसके समर्थन में है।

कंपनी ने स्पष्ट किया कि वह इस आदेश को स्वीकार नहीं करेगी, और संबंधित प्राधिकरण के समक्ष इसके खिलाफ अपील दायर करने की योजना बना रही है, साथ ही सभी उपलब्ध कानूनी विकल्पों का इस्तेमाल करेगी।

इटरनल के अनुसार इस जीएसटी मांग से कंपनी के वित्तीय प्रदर्शन पर किसी बड़े असर की संभावना नहीं है, क्योंकि मामला अभी अपीलीय स्तर पर है और अंतिम निर्णय आना बाकी है।

शेयर बाजार की बात करें तो जोमैटो का शेयर बुधवार को 0.52 प्रतिशत की बढ़त के साथ 280.50 रुपए पर बंद हुआ, हालांकि बीते एक महीने में इसमें 1.67 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई है।

वहीं लंबी अवधि में कंपनी के शेयर ने बेहतर प्रदर्शन किया है, पिछले छह महीनों में जोमैटो के शेयर ने 8.49 प्रतिशत का सकारात्मक रिटर्न दिया है, जबकि एक साल में यह रिटर्न 11.11 प्रतिशत रहा है।